समकालीन जनमत

Category : जनमत

ख़बरजनमत

हमारा हाथ जेएनयू के साथ

समकालीन जनमत
27नवंबर, इलाहाबाद शिक्षा के निजीकरण व कैंपसों में दमन पर तत्काल रोक लगाने की मांग को लेकर इलाहाबाद में प्रतिवाद मार्च जेएनयू में फीस वृद्धि...
ख़बरजनमत

शिक्षा के निजीकरण, जेएनयू पर हमले और बीएचयू के साम्प्रदायीकरण की कोशिश के ख़िलाफ़ आज़मगढ़ में प्रतिवाद मार्च

समकालीन जनमत
आज़मगढ़, 27 नवम्बर 2019 शिक्षा के निजीकरण, जेएनयू पर हमले और बीएचयू के साम्प्रदायीकरण की कोशिश के खिलाफ आज़मगढ़ में नागरिक मंच के बैनर तले...
जनमतव्यंग्य

सब घाल-मेल है भाई

विरूप
जेएनयू का मसला चल ही रहा था कि हुक्मरानों की मेहरबानी से न्यायालय, संविधान, न्यायमूर्ति, राष्ट्रपति, राज्यपाल जैसे जुमले हवा में तैरने लगे हैं. पूरा...
जनमत

‘दलित आंदोलन ने कला को धर्म के शिकंजे से आज़ाद किया’

सुशील मानव
‘ दलित आंदोलन :  साहित्य और कलाएं ’ विषय पर विचार गोष्ठी ‘चित्रकला और धर्म’, ‘मूर्तिकला में स्त्री और दलित ‘, ‘चित्रकला में दलित आंदोलन’,...
जनमतपुस्तक

स्त्री कविता: पहचान और द्वंद्व

समकालीन जनमत
डॉ. रेखा सेठी ने वर्तमान की जटिलताओं एवं अंतर्विरोधों को समझने के क्रम में स्त्री रचनाशीलता के विविध आयामों को व्याख्यायित एवं विश्लेषित करने का...
कविताजनमत

बबली गुज्जर की कविताएँ ‘औरत के मन की राह’ को एसर्ट करती हैं

समकालीन जनमत
अमरेंद्रनाथ त्रिपाठी प्रेम इन कविताओं में आवर्ती विषयवस्तु की तरह है। इसी के जरिये रचनाकार अन्य जरूरी संवेदनात्मक पक्षों पर भी मुखर हुआ है। एक...
जनमतशख्सियतस्मृति

अलविदा शौक़त आपा

समकालीन जनमत
अली जावेद कैफी़ ने कहा था: एलान-ए-हक़ में ख़तर-ए-दार-ओ-रसन तो है लेकिन सवाल ये है कि दार-ओ-रसन के बाद? याद कीजिये तरक़्की़पसंद अदबी तहरीक का...
ख़बरजनमत

जेएनयू छात्र आंदोलन के समर्थन में दिल्ली में हुए नागरिक मार्च को मिला देशव्यापी समर्थन

समकालीन जनमत
पुरूषोत्तम शर्मा जेएनयू में फ़ीस वृद्धि के ख़िलाफ़ चल रहे छात्र आन्दोलन ने एक मज़बूत और बड़े आंदोलन का रूप ले लिया है। 18 नवम्बर को...
जनमत

किसान नेता मनजीत सिंह धनेर की रिहाई, पंजाब में वामपंथी किसान आंदोलन की अभूतपूर्व जीत

समकालीन जनमत
  सुखदर्शन सिंह नत्त   यह मामला दरअसल 29 जुलाई 1997 से शुरू होता है , जिस दिन जिला बरनाला के कस्बा नुमा गांव महल...
जनमतपुस्तक

स्त्री रचनाशीलता को समझने की एक कोशिश

समकालीन जनमत
रेखा सेठी स्त्री लेखन, स्त्री की चिंतनशील मनीषा के विकास का ही ग्राफ है जिससे सामाजिक इतिहास का मानचित्र गढ़ा जाता है और जेंडर तथा...
जनमत

शासक वर्ग को जेएनयू दुश्मन क्यों लगता है ?

मीनल
बीते सात-आठ वर्षों में हम सभी ने जवाहरलाल नेहरु यूनिवर्सिटी यानि जेएनयू का नाम हर तरह के अच्छी-बुरी ख़बरों में लगातार सुना है. हममें से...
जनमतज़ेर-ए-बहस

क्या धर्मनिरपेक्ष राज्य अपनी देखरेख में मंदिर बनवायेगा

राम पुनियानी
छह दिसंबर 1992 की तरह, 9 नवम्बर 2019 भी भारत के इतिहास में एक मील का पत्थर बन गया है. छह दिसंबर को दिन-दहाड़े जो...
जनमत

नागरिकों से देश बनता है, नागरिकता छीनने वाली सरकार कौन होती है – कन्नन

पटना के गांधी संग्राहालय में नागरिक संवाद के आयेाजन में बोले कन्नन गोपीनाथन एनआरसी, नागरिकता संशोधन विधयेक व डिटेंशन कैंपों की हालत पर एआईपीएफ के...
जनमतशख्सियतस्मृति

“यह थी भूमिका हम-तुम मिले थे जब” मुक्तिबोध स्मरण (जन्मदिन 13 नवम्बर)

रामजी राय
मुक्तिबोध और उनकी कविता के बारे में लोग कहते हैं कि वो विकल-बेचैन, छटपटाते कवि हैं. लेकिन देखिये तो दरअसल, मुक्तिबोध कविता की विकलता के...
जनमत

दिल्ली पुलिस के नाम खुला पत्र

इन्द्रेश मैखुरी
प्यारी दिल्ली पुलिस और उसके बहादुर जवानों, जे.एन.यू. के छात्र-छात्राओं पर लाठी भाँजते,उन्हें खींचते-घसीटते और उन पर पानी-प्रहार करते आपकी तस्वीरें देखी. क्या मुस्तैदी और...
जनमतज़ेर-ए-बहस

अयोध्‍या में विवादित भूमि के मालिकाने के मुकदमे में सर्वोच्‍च न्‍यायालय के फैसले पर भाकपा(माले) पोलितब्‍यूरो का बयान

समकालीन जनमत
नई दिल्‍ली 9 नवम्‍बर. यह महत्‍वपूर्ण है कि अयोध्‍या में विवादित स्‍थल पर सर्वोच्‍च न्‍यायालय का फैसला किसी भी तरह से 6 दिसम्‍बर 1992 को...
कविताजनमत

वीरेनियत 4: सन्नाटा छा जाए जब मैं कविता सुनाकर उठूँ

समकालीन जनमत
पंकज चतुर्वेदी ‘वीरेनियत-4’ के अन्तर्गत इंडिया हैबिटेट सेण्टर, नयी दिल्ली में शुभा जी का कविता-पाठ सुना। उनकी कविताएँ समकालीन परिस्थितियों से उपजे इतने गहन तनाव...
कविताजनमत

वीरेनियत 4: अनसुनी पर ज़रूरी आवाज़ों का मंच

समकालीन जनमत
अदनान कफ़ील ‘दरवेश’ कल ‘वीरेनियत’ के चौथे संस्करण में जाने का मौक़ा मिला। दिल्ली की आब-ओ-हवा में इस वक़्त ज़हर की तासीर घुली हुई है।कुहेलिका...
कविताजनमत

वीरेनियत 4: जहाँ कविता के बाद का गहन सन्नाटा बजने लगा

समकालीन जनमत
आशुतोष कुमार दिन वैसे अच्छा नहीं था। दिल्ली आसपास का दम काले धुंए में घुट रहा था। छुट्टियों के कारण बहुत से दोस्त शहर से...
जनमत

झारखंड में भाजपा सरकार : कुशासन, भ्रष्टाचार और जन-विरोधी विकास के पांच साल

रघुवर दास की नेतृत्व वाली भाजपा सरकार झारखंड की पहली सरकार है जिसने अपने पांच सालों का समय पूरा किया. यह एक मौका था राज्य...
Fearlessly expressing peoples opinion