Wednesday, August 17, 2022

ख़बर

प्रधानमंत्री और गृहमंत्री जवाब दें कि बिल्कीस बानो के सामूहिक बलात्कारियों को आजाद करने का निर्णय क्यों लिया गया -ऐपवा 

अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला संगठन ( ऐपवा) ने बिल्कीस बानो के सामूहिक बलात्कारियों को आजाद करने का निर्णय पर सवाल उठाते हुए प्रधानमंत्री और गृहमंत्री से जवाब मांगा है कि यह निर्णय क्यों लिया गया ? ऐपवा की अध्यक्ष राति...

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साहित्य-संस्कृति

जसम का आयोजनः खौफनाक समय से मुठभेड़ करती कविताओं का पाठ

अभी हाल के दिनों में जन संस्कृति मंच की रायपुर ईकाई ने शब्द प्रसंग के तहत छत्तीसगढ़ के दस बेहद उर्वर कवियों को लेकर...

प्रधानमंत्री और गृहमंत्री जवाब दें कि बिल्कीस बानो के सामूहिक बलात्कारियों को आजाद करने का निर्णय क्यों लिया गया -ऐपवा 

अखिल भारतीय प्रगतिशील महिला संगठन ( ऐपवा) ने बिल्कीस बानो के सामूहिक बलात्कारियों को आजाद करने का निर्णय पर सवाल उठाते हुए प्रधानमंत्री और...

नाटक, जनगीत, कविता पाठ के साथ भोजपुर से जन संस्कृति मंच की सांस्कृतिक यात्रा का आगाज़ 

आरा। आज आजादी के पचहत्तरवें वर्ष पर जसम, बिहार ने अपनी सांस्कृतिक यात्रा का आगाज़ क्रांतिधर्मी भूमि भोजपुर से किया। संस्कृति कर्मियों ने यात्रा...

भरत प्रसाद की कविताएँ: यह शरीर जो कारागृह है घोंट रहा मेरा पक्षीपन

आशीष त्रिपाठी                                                                          भरत प्रसाद कवि हैं । कवि होने की सभी शर्तों को पूरा करते कवि । उनकी कविताओं की दुनिया घर से बाहर, अंतरंग...

‘ किसान-संघर्ष का पहला साहित्यिक दस्तावेज़ है ‘ प्रेमाश्रम ’ – वीर भारत तलवार

‘ प्रेमचन्द ने कथानक का निर्माण किया और उसे तोड़ा भी ’- नित्यानंद तिवारी ‘हम देखेंगे: अखिल भारतीय सांस्कृतिक प्रतिरोध अभियान’ के तहत प्रेमचंद जयंती...

‘ जन संस्कृति के नायक राजबली यादव ‘ पुस्तक का लोकार्पण

लखनऊ/फैजाबाद। अंबेडकर नगर के स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, जन संस्कृति के नायक राजबली यादव के स्मृति दिवस के अवसर पर उनके पैतृक गांव अरई में...

आजादी के पचहत्तर वर्षः प्रोपोगंडा, पाखंड और यथार्थ- तीन

जयप्रकाश नारायण  संघ द्वारा संचालित और निर्देशित भाजपा की मोदी सरकार ने आजादी के हीरक जयंती को अमृत काल घोषित किया है। अमृत काल का जश्न...

आजादी के पचहत्तर वर्षः प्रोपोगंडा, पाखंड और यथार्थ- दो

जयप्रकाश नारायण  बरसात का खूबसूरत सावन मास चल रहा है। हमारे लोक जीवन में सावन मास संगीत, साहित्य, संस्कृति कला संवेदना और उत्सवी बहारों का...

नरेश गुर्जर की कविता दृश्य की पृष्ठभूमि पर ठहरी हुई निगाह है

बबली गुर्जर कविताओं की सरलता उनकी ख़ूबसूरती का पैमाना होती है। कुछ कविताएँ किसी पदबंध के अधीन नहीं होती। उन्हें सुनते पढ़ते समय जिया भी...

समर न जीते कोय-19

(समकालीन जनमत की प्रबन्ध संपादक और जन संस्कृति मंच, उत्तर प्रदेश की वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना राय का जीवन लम्बे समय तक विविध साहित्यिक, सांस्कृतिक,...

आजादी के पचहत्तर वर्षः प्रोपोगंडा, पाखंड और यथार्थ- एक

जयप्रकाश नारायण  भारत की स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे हो रहे हैं। यह  अजीब संयोग और विडंबना है कि स्वतंत्रता आंदोलन से विरत रहने वाले,...

 गांधी की सोच : हिंद स्वराज के बहाने

आजादी के पचहत्तर साल पूरे होने पर उचित होगा कि भारत की स्वाधीनता के साथ जुड़े प्रसंगों और व्यक्तियों तथा विचारों की जांच परख...

आजादी के 75 वर्ष और प्रेमचंद के सपने

कल्पनाथ यादव  प्रेमचंद के समूचे लेखन में उनका तत्कालीन समय किस रंग में प्रतिभासित होता है,  अपने समय के सवालों से कैसे सामना करते हैं...

वसु गन्धर्व की कविताएँ मन्द्र उपस्थिति के मुखर स्वर हैं

रंजना मिश्र कुछ स्वर अपनी मन्द्र उपस्थिति में अधिक सुन्दर, अधिक मुखर होते हैं। वे कोमल, गझिन और एकान्तिक होते हुए भी अपनी ज़मीन पर...

शुभम नेगी की कविताएँ इंद्रधनुषी चेतना का प्रसार एवं मनुष्यता की फिसलन की चिंता हैं

देवेश पथ सारिया युवा कवि शुभम नेगी की कलम नई है, शुभम अपनी लेखनी के माध्यम से समाज के लिए कुछ सकारात्मक रचना चाहते हैं।...
जयप्रकाश नारायण  संघ द्वारा संचालित और निर्देशित भाजपा की मोदी सरकार ने आजादी के हीरक जयंती को अमृत काल घोषित किया है। अमृत काल का जश्न...
जयप्रकाश नारायण  बरसात का खूबसूरत सावन मास चल रहा है। हमारे लोक जीवन में सावन मास संगीत, साहित्य, संस्कृति कला संवेदना और उत्सवी बहारों का...
जयप्रकाश नारायण  भारत की स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे हो रहे हैं। यह  अजीब संयोग और विडंबना है कि स्वतंत्रता आंदोलन से विरत रहने वाले,...
जयप्रकाश नारायण आज गोटाबाया राजपक्षे का स्विमिंग पूल देखा । उछलते कूदते किलकारियां मारते नौजवानों के हुजूम को स्विमिंग पूल से लेकर राजमहल के शयन...
  अमित ओहलान   “चौबर दे चेहरे उत्ते नूर दसदा नि ऐदा उठुगा जवानी च्च जनाज़ा मिठिये.” जिस घर में जवान मौत हो जाए वो घर फिर घर...
जाहिद खान सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण सुनवाई करते हुए राजद्रोह के मामलों में सभी कार्यवाहियों पर रोक लगा दी है। अदालत...