Monday, October 3, 2022

ख़बर

 जन संस्कृति मंच का राष्ट्रीय सम्मेलन 7-8 अक्टूबर को रायपुर में, पांच सौ से ज्यादा लेखक, कलाकार और संस्कृतिकर्मी जुटेंगे 

रायपुर. लेखक-संस्कृतिकर्मियों के संगठन जन संस्कृति मंच का 16 वां राष्ट्रीय सम्मेलन 8--9 अक्टूबर को रायपुर में पंजाब केसरी भवन में आयोजित हो रहा है. दो दिवसीय सम्मेलन में देशभर से 500 से अधिक प्रतिनिधियों के अलावा जाने माने...

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साहित्य-संस्कृति

 जन संस्कृति मंच का राष्ट्रीय सम्मेलन 7-8 अक्टूबर को रायपुर में, पांच सौ से ज्यादा लेखक, कलाकार और संस्कृतिकर्मी जुटेंगे 

रायपुर. लेखक-संस्कृतिकर्मियों के संगठन जन संस्कृति मंच का 16 वां राष्ट्रीय सम्मेलन 8--9 अक्टूबर को रायपुर में पंजाब केसरी भवन में आयोजित हो रहा...

‘उम्मीद चिनगारी की तरह’ संग्रह की कविताएँ अपने समय को रचतीं, अभिव्यक्ति के ख़तरों को धता बताती हैं

दिविक रमेश कौशल किशोर प्रारम्भ से ही एक सजग और ज़िम्मेदार कवि के रूप में अपनी राह बनाते हुए आज उम्मीद से लबालब भरी चिंगारी...

लीना मल्होत्रा की कविताएँ स्त्रीस्वर का स्थापित मुहावरा हैं

प्रिया वर्मा महत्वाकांक्षाओं की चिड़िया औरत की मुंडेर पर आ बैठी है दम साध शिकारी ने तान ली है बन्दूक निशाने पर है चिड़िया अगर निशाना चूक गया तो औरत...

समर न जीते कोय-23

(समकालीन जनमत की प्रबन्ध संपादक और जन संस्कृति मंच, उत्तर प्रदेश की वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना राय का जीवन लम्बे समय तक विविध साहित्यिक, सांस्कृतिक,...

भगत सिंह के पास विजन, सपने और यथार्थ की समझ थी- प्रो. जगमोहन सिंह

कथांतर की ओर से भगत सिंह जयंती का आयोजन कवियों का आह्वान 'लिखने को बदलना होगा लड़ाई में ' पटना। भगत सिंह जाति और सांप्रदायिकता...

नफरत और हिंसा के दौर में पटना में ‘ कोरस ’ का ‘ पैग़ाम ए मोहब्बत ’

आज के इस दौर में जहाँ नफरत और हिंसा चारों ओर फैलाई जा रही है वहीं ‘ कोरस ’ के द्वारा 23- 25 सितम्बर...

होती हुई सुबह की तरह कविताएँ

विनय कुमार लिखने वाले कवियों से भरे हिंदी जगत में कुमार मुकुल एक पढ़ने वाले कवि हैं। उनकी मारक लघु टिप्पणियों से परिचित पाठक भली-भाँति...

जितेंद्र श्रीवास्तव की कविताएँ मनुष्यता का संधान करती हैं

देवेश पथ सारिया   वरिष्ठ कवि जितेंद्र श्रीवास्तव की कविताओं से गुज़रते हुए लगता है कि यह कवि मनुष्य एवं प्रकृति के बीच तादात्म्य की संभावना...

‘दबी-दूब का रूपक’ कालजयी ही नहीं, कालजीवी भी है

दबी-दूब का रूपक पुस्तक पर चर्चा कृष्ण कुमार दरभंगा, साहित्यिक-सांस्कृतिक संस्था अभिव्यक्ति के तत्त्वावधान में रामबाग में आयोजित एक सारस्वत समारोह में कमलानंद झा की सद्यः...

बंशी चन्द्रगुप्त : एक महान कला निर्देशक

प्रशांत विप्लवी एक नदी जहां तीन महान फ़िल्मी हस्तियाँ पहली बार एक साथ किसी एक मकसद के लिए मिलते हैं और भारतीय सिनेमा को पूरी...

हिन्दी भाषी उत्तर भारत में पेरियार की धमक के मायने

जयप्रकाश नारायण  जिस समय 19वीं सदी के आखिरी चौथाई के नायक कारपोरेट हिंदुत्व गठजोड़ के हमलों के दायरे में हैं। ऐसे समय में 1879 में...

समर न जीते कोय-22

(समकालीन जनमत की प्रबन्ध संपादक और जन संस्कृति मंच, उत्तर प्रदेश की वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना राय का जीवन लम्बे समय तक विविध साहित्यिक, सांस्कृतिक,...

मुक्तिबोध स्मृति दिवस पर  फासीवाद के खिलाफ एकता व प्रतिरोध का संकल्प

मुक्तिबोध के स्मृति दिवस के अवसर पर केसरबाग स्थित इप्टा कार्यालय में  'फासीवाद के खिलाफ प्रतिरोध, आजादी और लोकतंत्र की संस्कृति के लिए" विषय...

आयुष पाण्डेय की कविताएँ मनुष्यता की बेहद सरल सतह पर जीती हैं

संध्या नवोदिता ये ताज़गी भरी कविताएँ हैं. प्रेम में गले गले तक डूबी. विछोह में साँस रोकती. हज़ार तरह के सवाल पूछती. दुनिया के बुनियादी...

भाजपा को केवल सत्ता से नहीं बल्कि समाज से पूरी तरह बेदखल करना हमारा लक्ष्य : दीपांकर भट्टाचार्य

साम्प्रदायिकता विरोधी नागरिक कन्वेंशन में जुटे महा गठबंधन के नेता, 2024 में भाजपा का देश से सफाए का लिया संकल्प पटना/फुलवारी शरीफ। भाकपा-माले के 12 वें...
जयप्रकाश नारायण  हर घर तिरंगा अभियान अपने चरम पर है। लायल्टी प्रर्दशित करने के लिए अभियान में नौकरशाही से लेकर उद्योग जगत तक उतर चुका...
जयप्रकाश नारायण  संघ द्वारा संचालित और निर्देशित भाजपा की मोदी सरकार ने आजादी के हीरक जयंती को अमृत काल घोषित किया है। अमृत काल का जश्न...
जयप्रकाश नारायण  बरसात का खूबसूरत सावन मास चल रहा है। हमारे लोक जीवन में सावन मास संगीत, साहित्य, संस्कृति कला संवेदना और उत्सवी बहारों का...
जयप्रकाश नारायण  भारत की स्वतंत्रता के 75 वर्ष पूरे हो रहे हैं। यह  अजीब संयोग और विडंबना है कि स्वतंत्रता आंदोलन से विरत रहने वाले,...
जयप्रकाश नारायण आज गोटाबाया राजपक्षे का स्विमिंग पूल देखा । उछलते कूदते किलकारियां मारते नौजवानों के हुजूम को स्विमिंग पूल से लेकर राजमहल के शयन...
  अमित ओहलान   “चौबर दे चेहरे उत्ते नूर दसदा नि ऐदा उठुगा जवानी च्च जनाज़ा मिठिये.” जिस घर में जवान मौत हो जाए वो घर फिर घर...