समकालीन जनमत

Author : समकालीन जनमत

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सिनेमा

शांतिलाल और तितली का रहस्य

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प्रशांत विप्लवी प्रतिम डी गुप्त उभरते बांग्ला फिल्मकार हैं। ठीक तीन साल पहले उनकी एक फ़िल्म बंगाल के सिनेमाघरों में हाउसफुल का बोर्ड लटकवाने में...
कविता

प्रवीण परिमल की कविताओं में प्रेम है तो अन्याय का प्रतिकार भी

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कौशल किशोर प्रवीण परिमल की कविताओं पर आलोचक प्रो रविभूषण का कहना है ‘जो प्रेम नहीं करता, वह मनुष्य ही नहीं है।…..प्रेम ही जीवन है।...
कविता

अदनान कफ़ील दरवेश के संग्रह ‘ठिठुरते लैम्प पोस्ट’ का काव्यपाठ एवं समीक्षा गोष्ठी

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जसम दिल्ली की ओर से घरेलू गोष्ठी श्रृंखला में भारत भूषण अग्रवाल पुरस्कार से सम्मानित युवा कवि अदनान कफ़ील दरवेश के पहले काव्य-संग्रह ‘ठिठुरते लैम्प...
कविता

प्रकृति प्रेमी और अन्याय के विरुद्ध  संकल्पबद्ध कवि चंद्रकुँवर बर्त्वाल

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कल्पना पंत ‘प्राची से झरने वाली आशा का तो अंत नहीं’ एक पूरा दिन चंद्रकुँवर बर्त्वाल से संबंधित क्षेत्रों के भ्रमण में बीता. वह स्थान...
ज़ेर-ए-बहस

गोटाबाया राजपक्षे के स्वीमिंग पूल से निकलता लोकतांत्रिक श्रीलंका

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जयप्रकाश नारायण आज गोटाबाया राजपक्षे का स्विमिंग पूल देखा । उछलते कूदते किलकारियां मारते नौजवानों के हुजूम को स्विमिंग पूल से लेकर राजमहल के शयन...
जनमत

एक पहिए की कहानी

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रिया (ध्यान से पढ़ेंगे तो आप चकित होंगे और इस जगह के बारे में जानना चाहेंगे जहां के बच्चों ने इतनी सुंदर भाषा अर्जित की...
कविता

मरहूम कवयित्री शहनाज़ इमरानी की कविताएँ उम्मीद का हाथ थामे रास्ता दिखाएंगी

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मेहजबीं मरहूम कवयित्री शहनाज़ इमरानी की कविताएँ अपने वर्तमान समय की राजनीतिक सामाजिक आर्थिक परिस्थितियों का दस्तावेज़ हैं। समाज का कोई कोना उनकी सूक्ष्म दृष्टि...
कविता

नेहा नरुका की कविताएँ समझ और साहस के संतुलन की अभिव्यक्ति हैं

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मदन कश्यप युवा कवि नेहा नरूका का यथार्थ को देखने का दृष्टिकोण इतना अलग और मौलिक है कि वह आकर्षित ही नहीं करता, बल्कि कई...
ख़बर

कौशल किशोर को मिला जनकवि केदारनाथ अग्रवाल सम्मान

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यह साहित्य की प्रगतिशील-जनवादी परंपरा और संघर्षशील धारा का सम्मान है – कौशल किशोर कौशल किशोर ने रचना कर्म को सामाजिक कर्म का हिस्सा बनाया-...
पुस्तक

पीटर ग्रे की दृष्टि में शिक्षा का प्रतिदर्श

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राम विनय शर्मा शिक्षा मनुष्य के चहुँमुखी विकास का सबसे प्रमुख माध्यम है। विद्वानों ने शिक्षा को तरह-तरह से परिभाषित करने का प्रयास किया है।...
कविता

मनीष आज़ाद की कविताएँ क्रांति की कामना को बचाए रखती हैं

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प्रियदर्शन मूलतः अपनी सामाजिक सक्रियता और मानवाधिकारों के पक्ष में अपनी लड़ाई की वजह से सत्ता की आंखों की किरकिरी बने और जेल तक जा...
ख़बर

नागरिक समाज ने किया उ.प्र. सरकार की बुलडोजर नीति के खिलाफ शांतिपूर्ण धरना

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16 जून 2022, प्रयागराज आज पूर्व घोषित कार्यक्रम के अनुसार पत्थर गिरजा, सिविल लाइंस में इलाहाबाद नागरिक समाज के बैनर तले शांतिपूर्ण लोकतांत्रिक तरीके से...
ख़बर

राँची में हिंसा और प्रशासनिक विफलता की झारखंड जनाधिकार महासभा ने की निंदा

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रांची में हुई हिंसा और पुलिस व प्रशासन के विफलता का महासभा कड़ी निंदा करता है 10 जून 2022 को रांची के में रोड पर...
ख़बर

जयंती मिलन के मौके पर क्रांतिकारी सांस्कृतिक योद्धा कबीर और नागर्जुन पूरी शिद्दत से याद किए गए

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दिनांक 14-06-2022 को कबीर एवं नागार्जुन जयंती के अवसर पर प्राक परीक्षा प्रशिक्षण केंद्र, दरभंगा पर जनसंस्कृति मंच दरभंगा के तत्वावधान में पूरी शिद्दत से...
कविता

प्रिया वर्मा की कविताएँ शुचितावादी धारणाओं को धता बताती हैं

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जोशना बैनर्जी आडवानी “आम्रपाली की कथा बांचो परिव्राजक! और अब कहो कि तुम्हारे डर को मिट जाना चाहिए। उस गलफंद को कहूँ मैं धन्यवाद? मुझे...
ख़बर

रामजी राय की किताब ‘मुक्तिबोध: स्वदेश की खोज’ का रायपुर में हुआ विमोचन

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रायपुर. ऐसा बहुत कम होता है जब साहित्य के किसी आयोजन में लोगों की अच्छी-खासी मौजूदगी देखने को मिलती है. सामान्य तौर पर साहित्यिक आयोजन...
कविता

प्रेम नन्दन की कविताएँ लोकजीवन और उसके संघर्ष की कविताएँ हैं

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कौशल किशोर   प्रेम नन्दन की कविताओं से गुजरते हुए लगता है कि लोकजीवन और उसका संघर्ष अपनी गरिमा के साथ उपस्थित है। यहां ‘पथराई...
कविता

पंखुरी सिन्हा की कविताएँ: तबाही के बरख़िलाफ़ स्मृतियों की पुकार

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विपिन चौधरी जब कोई कविता, संसार के किसी भी शहर के भीतर बसी सामूहिक स्मृतियों के साथ उस शहर के इतिहास और वहाँ के सामाजिक...
कविता

शुक्ला चौधुरी : मैं लिखूँ कविता पेड़ों की/चिड़ियों की/ ख़ौफ़ नहीं/प्रेम की…..

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कौशल किशोर शुक्ला चौधुरी ऐसी कवयित्री हैं जिन्हें आकाश की ऊँचाई का पता है। वे जानती हैं कि हाथ से आकाश को नहीं छू सकती...
कविता

हम सभी के घर में गणित के जादूगर हैं: ऊषा दशोरा की कविताएँ

समकालीन जनमत
अरुण शीतांश स्त्री जीवन की विडंबनाओं पर बहुत सारी कविताएँ हमने पढ़ी हैं और उनके माध्यम से उस जीवन की तमाम कही अनकही जटिलताओं से...
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