समकालीन जनमत

Tag : जसम

कविता

जसम का लेखक के घर चलो अभियान

समकालीन जनमत
शनिवार, 13 अप्रैल 2024 कवि- हरीशचन्द्र पांडे अपने शहर इलाहाबाद में रचनारत लेखकों की रचनाओं के साथ उनके जीवन, उनके घर-परिवार को जानना, उनकी रचना...
साहित्य-संस्कृति

हिंदी और उर्दू के लेखकों के बीच एकता हो – असलम जमशेदपुरी

समकालीन जनमत
राजा सिंह और राजीव प्रकाश साहिर का कहानी पाठ  लखनऊ । जन संस्कृति मंच (जसम) और भारतीय जन नाट्य संघ (इप्टा) की ओर से हिंदी...
ख़बर

बाबा नागर्जुन की जन्म भूमि पर हुआ जसम की छह दिवसीय सांस्कृतिक यात्रा के प्रथम चरण का समापन

मधुबनी। जनसंस्कृति मंच, बिहार के तत्वावधान में आयोजित राज्य स्तरीय सांस्कृतिक यात्रा ‘ उठो मेरे देश ’ के प्रथम चरण का समापन 20 अगस्त को...
कविता

जसम का आयोजनः खौफनाक समय से मुठभेड़ करती कविताओं का पाठ

समकालीन जनमत
अभी हाल के दिनों में जन संस्कृति मंच की रायपुर ईकाई ने शब्द प्रसंग के तहत छत्तीसगढ़ के दस बेहद उर्वर कवियों को लेकर एक...
समर न जीते कोय

समर न जीते कोय-7

मीना राय
(समकालीन जनमत की प्रबन्ध संपादक और जन संस्कृति मंच, उत्तर प्रदेश की वरिष्ठ उपाध्यक्ष मीना राय का जीवन लम्बे समय तक विविध साहित्यिक, सांस्कृतिक, राजनैतिक...
जनमत

वर्ण व्यवस्था व जाति के उच्छेद के लिए संघर्ष तेज करना होगा

समकालीन जनमत
11 दिसम्बर, 2021 को प्रलेस-जलेस-जसम द्वारा इलाहाबाद में आयोजित अमृतराय जन्मशती आयोजन में सर्वसम्मति से ´साहित्य-संस्कृति के आज के संयुक्त मोर्चे´ के विषय में पारित प्रस्ताव...
साहित्य-संस्कृति

जनचेतना की मशाल ‘विप्लवी पुस्तकालय गोदरगावां’ साहित्यिक तीर्थस्थल है

कौशल किशोर
फणीश्वर नाथ रेणु ने कहा था कि भारत के सामाजिक जीवन को जानना है तो लेखकों को गांवों की ओर जाना चाहिए। जन संस्कृति मंच,...
साहित्य-संस्कृति

कथाकार फ़रज़ाना महदी जसम के संयोजक और संस्कृतिकर्मी कलीम खान सह संयोजक बने 

लखनऊ। जन संस्कृति मंच (जसम) की लखनऊ इकाई का पुनर्गठन किया गया है। कथाकार फ़रज़ाना महदी संयोजक और संस्कृतिकर्मी कलीम खान सह संयोजक बनाए गए।...
ख़बर

‘ जनपक्षीय फिल्मकार  बुद्धदेव दासगुप्ता का निधन भारतीय सिनेमा के लिए बहुत बड़ी क्षति ’

सुधीर सुमन
‘बाघ बहादुर’, ‘तहादेर कथा’, ‘उत्तरा’, ‘स्वप्नेर दिन’, ‘कालपुरुष’, ‘दुरत्व’, ‘चराचर’, ‘मंद मेयेर उपाख्यान’, ‘नीम अन्नपूर्णा’, ‘गृहजुद्ध’, ‘लाल दर्जा’, ‘अंधी गली’, ‘फेरा’, ‘जनाला’, ‘अनवर का अजब...
ख़बर

आलोचना की आवाजों को दबाने के लिए फिल्म एक्टिविस्ट और कार्टूनिस्ट पर की गई कार्रवाई : जसम

समकालीन जनमत
जन संस्कृति मंच ने गुजरात साहित्य अकादमी की पत्रिका के संपादकीय में कोरोना के दौरान सरकार की संवेदनहीनता को बेपर्द करने वाली पारुल खख्खर की...
स्मृति

साझी जन संस्कृति के झण्डे को बुलन्द करने वाले योद्धा थे कवि ओमप्रकाश मिश्र

लखनऊ। गंगाजमुनी तहजीब के शायर, गजलकार, जनवादी कवि व गीतकार ओमप्रकाश मिश्र नहीं रहे। आज जौनपुर में उनका निधन हुआ। लम्बे समय से वे बीमार...
ज़ेर-ए-बहस

किसानों का साथ देने सड़कों पर उतरे लेखक और बुद्धिजीवी

सुशील मानव
आज किसान आंदोलन को दो महीने (60 दिन) पूरे हो गये। इत्तेफाक से आज स्वतंत्रता संग्राम में ब्रिटिश हुकूमत के खिलाफ़ सशस्त्र जंग छेड़ने वाले...
ख़बर

बिहार के मतदाताओं से प्रगतिशील लेखक संघ, जनवादी लेखक संघ और जन संस्कृति मंच की अपील

मतदाता बन्धुओं, बिहार में हो रहा मौजूदा विधानसभा चुनाव आजादी के बाद से अब तक का संभवतः सर्वाधिक महत्वपूर्ण चुनाव है। इस वक्त देश का...
स्मृति

कला-साहित्य जगत के चार शख्सियतों के निधन पर जन संस्कृति मंच ने शोक व्यक्त किया

इरफान, उषा गांगुली, महेंद्र भटनागर और ऋषि कपूर चारों इस मायने में महत्वपूर्ण थे कि चारों जनपक्षधर थे, चारों सांप्रदायिक कट्टरता के विरोधी थे, चारों...
ख़बर

लेखक संगठनों का सीएए और एनआरसी के खिलाफ राष्ट्रीय प्रतिवाद में भागीदारी का आह्वान

कौशल किशोर
प्रलेस, जलेस, जसम इप्टा की उत्तर प्रदेश इकाइयों ने नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के खिलाफ देश भर के लोकतांत्रिक, अमनपसंद और संविधान में आस्था...
ख़बर

‘कश्मीर में दमन के सौ दिन’ लखनऊ में महिला और नागरिक संगठनों ने दिखाई एकजुटता

समकालीन जनमत
मीना सिंह आज दिनांक 13नवंबर को कश्मीरी अवाम के ख़िलाफ़ हुई सरकारी दमन के 100 दिन पूरे हुए हैं। उनके सवालों पर एकजुटता दिखाने के...
साहित्य-संस्कृति

‘ नज़र में कोई मंज़िल है तो मौजे-वक़्त को देखो ’

 मशहूर शायर रफ़ीउद्दीन राज़ ने ग़ज़लों और नज़्मों का पाठ किया पटना. आईएमए हाॅल, पटना में जन संस्कृति मंच ने 21 अक्टूबर को मशहूर शायर...
साहित्य-संस्कृति

विस्थापन के दर्द को उकेरती हैं उमेश पंकज की कविताएं

कौशल किशोर
लखनऊ, 6 अक्टूबर। कवि उमेश पंकज  के पहले कविता संग्रह ‘एक धरती मेरे अन्दर’ का आज यहां स्थानीय कैफ़ी आज़मी एकेडमी में लोकार्पण हुआ। कार्यक्रम...
जनमतशिक्षा

नई शिक्षा नीति देश को बेचने और तोड़ने का बहाना हो गई है : प्रो. अनिल सद्गोपाल

सुधीर सुमन
आठवां कुबेर दत्त स्मृति व्याख्यान, कुबेर दत्त की पुस्तक ‘ समय जुलाहा ’ का लोकार्पण नई दिल्ली. ‘नई शिक्षा नीति देश को बेचने और तोड़ने...
जनमत

‘प्रोफ़ेसर हनी बाबू का पुलिसिया उत्पीड़न आलोचना के लोकतांत्रिक स्वरों के दमन के सुनियोजित अभियान का हिस्सा है’

समकालीन जनमत
(प्रो. हनी बाबू के घर पर पुलिस द्वारा डाले गए अवैद्य छापे के ख़िलाफ़ जन संस्कृति मंच, जनवादी लेखक संघ, दलित लेखक संघ और प्रगतिशील लेखक...
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