Tag : जसम

स्मृति

कला-साहित्य जगत के चार शख्सियतों के निधन पर जन संस्कृति मंच ने शोक व्यक्त किया

इरफान, उषा गांगुली, महेंद्र भटनागर और ऋषि कपूर चारों इस मायने में महत्वपूर्ण थे कि चारों जनपक्षधर थे, चारों सांप्रदायिक कट्टरता के विरोधी थे, चारों...
ख़बर

लेखक संगठनों का सीएए और एनआरसी के खिलाफ राष्ट्रीय प्रतिवाद में भागीदारी का आह्वान

कौशल किशोर
प्रलेस, जलेस, जसम इप्टा की उत्तर प्रदेश इकाइयों ने नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के खिलाफ देश भर के लोकतांत्रिक, अमनपसंद और संविधान में आस्था...
ख़बर

‘कश्मीर में दमन के सौ दिन’ लखनऊ में महिला और नागरिक संगठनों ने दिखाई एकजुटता

समकालीन जनमत
मीना सिंह आज दिनांक 13नवंबर को कश्मीरी अवाम के ख़िलाफ़ हुई सरकारी दमन के 100 दिन पूरे हुए हैं। उनके सवालों पर एकजुटता दिखाने के...
साहित्य-संस्कृति

‘ नज़र में कोई मंज़िल है तो मौजे-वक़्त को देखो ’

 मशहूर शायर रफ़ीउद्दीन राज़ ने ग़ज़लों और नज़्मों का पाठ किया पटना. आईएमए हाॅल, पटना में जन संस्कृति मंच ने 21 अक्टूबर को मशहूर शायर...
साहित्य-संस्कृति

विस्थापन के दर्द को उकेरती हैं उमेश पंकज की कविताएं

कौशल किशोर
लखनऊ, 6 अक्टूबर। कवि उमेश पंकज  के पहले कविता संग्रह ‘एक धरती मेरे अन्दर’ का आज यहां स्थानीय कैफ़ी आज़मी एकेडमी में लोकार्पण हुआ। कार्यक्रम...
जनमत शिक्षा

नई शिक्षा नीति देश को बेचने और तोड़ने का बहाना हो गई है : प्रो. अनिल सद्गोपाल

सुधीर सुमन
आठवां कुबेर दत्त स्मृति व्याख्यान, कुबेर दत्त की पुस्तक ‘ समय जुलाहा ’ का लोकार्पण नई दिल्ली. ‘नई शिक्षा नीति देश को बेचने और तोड़ने...
जनमत

‘प्रोफ़ेसर हनी बाबू का पुलिसिया उत्पीड़न आलोचना के लोकतांत्रिक स्वरों के दमन के सुनियोजित अभियान का हिस्सा है’

समकालीन जनमत
(प्रो. हनी बाबू के घर पर पुलिस द्वारा डाले गए अवैद्य छापे के ख़िलाफ़ जन संस्कृति मंच, जनवादी लेखक संघ, दलित लेखक संघ और प्रगतिशील लेखक...
साहित्य-संस्कृति

प्रगतिशील आन्दोलन की विरासत और हमारा समय

समकालीन जनमत
अपने संयुक्त कार्यक्रमों के सिलसिले को आगे बढ़ाते हुए तीन लेखक संगठनों जलेस (जनवादी लेखक संघ), दलेस (दलित लेखक संघ) तथा जसम (जन संस्कृति मंच)...
जनमत

‘ बुद्धिजीवी और कलाकार की खाल ओढ़े हत्या-सत्ता-समर्थकों की हम भर्त्सना करते हैं ’

चार लेखक संगठनों का साझा बयान लेखक-कलाकार हमेशा से सत्ता के विरोध में रहे हैं, लेकिन मोदीराज में सत्ता के विरोध का विरोध एक स्थायी...
ख़बर फ़ील्ड रिपोर्टिंग

याद करने और भुलाने की ज़रूरत के बीच चन्द्रबली सिंह की याद में एक संगोष्ठी आज के सवालों पर

समकालीन जनमत
20 अप्रैल 2019 को दिल्ली के गांधी शांति प्रतिष्ठान में चन्द्रबली सिंह स्मृति न्यास, जन संस्कृति मंच और जनवादी लेखक संघ की साझीदारी में ‘प्रगतिशील...

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