समकालीन जनमत

Category : जनमत

कविताजनमत

‘जीवन की सरलता का प्रतिनिधित्व करती हैं रविंदर की कविताएँ’

समकालीन जनमत
आलोक रंजन रविंदर कौर सचदेवा की कविताएँ सरलता को स्थापित करने के संघर्ष की कविताएँ हैं जो पहचान , प्रेम और दुनियादारी के अलग अलग...
कविताजनमत

जीने की जगह तलाशतीं सविता भार्गव की कविताएँ

समकालीन जनमत
अनुपम सिंह आजकल जब भी समय मिलता है ,कविताएँ लिखने से अधिक कविताओं के विषय में सोचती हूँ. कोई कविता क्यों अच्छी लगती हैं और...
जनमत

बजट 2019 : निर्मला सीतारमन के सामने सुस्त अर्थव्यवस्था, बेरोजगारी, ग्रामीण संकट की चुनौतियाँ

आगामी बजट नई मोदी सरकार का पहला पूर्णकालीन बजट होने जा रहा है। दिलचस्प यह है कि आमचुनावों के पहले जिन मुद्दों पर चर्चा हो...
जनमतस्मृति

खैनी खिलाओ न यार! उर्फ़ मौत से चुहल (सखा, सहचर, सहकर्मी, कॉमरेड महेश्वर की एक याद)

रामजी राय
अपने प्रियतर लोगों- कृष्णप्रताप (के.पी.), गोरख, कामरेड विनोद मिश्र, महेश्वर पर चाहते हुए भी आज तक कुछ नहीं लिख सका। पता नहीं क्यों? इसकी वज़ह...
जनमतपुस्तक

लोकतंत्र और मार्क्स-एंगेल्स

गोपाल प्रधान
 2000 में स्टेट यूनिवर्सिटी आफ़ न्यू यार्क प्रेस से अगस्त एच निम्ज़, जूनियर की किताब ‘ मार्क्स ऐंड एंगेल्स: देयर कंट्रीब्यूशन टु द डेमोक्रेटिक ब्रेकथ्रू...
कविताजनमत

संघर्ष और जीवट का कवि प्रभात

समकालीन जनमत
चरण सिंह पथिक हिंदी कविता की युवा पीढ़ी में कुछ ऐसे नाम हैं जो अपनी अलग कहन के लिए जाने जाते हैं। उनमें से प्रभात...
ग्राउन्ड रिपोर्टजनमत

टिहरी नैनबाग रेप केस : सवाल दर सवाल है

30 मई को उत्तराखंड के टिहरी जिले के नैनबाग क्षेत्र में 9 वर्षीय बालिका के साथ गाँव के ही एक व्यक्ति द्वारा बलात्कार किए जाने...
जनमत

अलीगढ़ की बच्ची के लिए न्याय मांगें – सांप्रदायिक फ़ेक न्यूज़ से बचें : कविता कृष्णन

कविता कृष्णन
अलीगढ़/ टप्पल में बच्ची की हत्या की घटना सामने आयी है. पुलिस के अनुसार, ज़ाहिद और असलम नाम के दो लोगों ने बच्ची के पिता...
जनमत

पर्यावरण दिवस 2019: वायु प्रदूषण को पराजित करो’ (Beat Air Pollution)

अभिषेक मिश्र
पर्यावरण हमारे जीवन को प्रभावित करने वाला एक अत्यंत महत्वपूर्ण कारक है। पर्यावरण के इस महत्व को ही स्वीकार करने और उससे समस्त विश्व को...
जनमत

मजदूर वर्ग के राष्ट्रवाद में साम्राज्यवाद विरोध और लोकतांत्रिक रंग अधिक गहरा होता है : गोपाल प्रधान

समकालीन जनमत
( अम्बेडकर विश्वविद्यालय, दिल्ली में प्राध्यापक एवं मार्क्स साहित्य के अध्येता गोपाल प्रधान से संदीप मील का यह साक्षात्कार भारतीय समाजशास्त्र समीक्षा पत्रिका में प्रकाशित...
जनमत

उत्तराखंड पुलिस किसकी मित्र

उत्तराखंड के टिहरी जिले के जौनपुर क्षेत्र के सेंदुल गाँव में बलात्कार पीड़ित बच्ची को लेकर दून अस्पताल और पुलिस के बेहद असंवेदनशील रवैये के...
जनमत

सत्रहवीं लोकसभा के माननीय सांसद

रवि भूषण
17वीं लोकसभा में 36 दलों के 538 और चार निर्दलीय सांसद हैं। 15 दलों के जिनमें जनता दल सेकुलर, अन्नाद्रमुक, आप, झामुमो , आजसू, एनडीपीपी,...
ग्राउन्ड रिपोर्टजनमत

आरा : आर पार जंग है, इम्तिहान सख्त है

के के पांडेय
लोकसभा चुनाव का अंतिम चरण है। सभी दलों ने अपनी अपनी पूरी ताकत झोंक रखी है। बंगाल में नवजागरण के पुरोधा ईश्वर चंद्र विद्यासागर की...
ग्राउन्ड रिपोर्टजनमत

जहानाबाद : चुनाव में गरीबों-महिलाओं की बुलंद आवाज़ के मायने

के के पांडेय
 आठवें और नवें दशक में कभी अरवल, लक्ष्मणपुर बाथे और शंकर बिगहा जैसे नररसंहारों के लिए चर्चित जहानाबाद उसके जबरदस्त प्रतिरोध के लिए भी जाना...
जनमतज़ेर-ए-बहस

क्या आपने यह ख़बर पढ़ी है?

समकालीन जनमत
 एल. एस. हरदेनिया जब संपूर्ण देश में लोकतंत्र का यज्ञ चल रहा था उस दरम्यान हमने दो महत्वपूर्ण आहुतियां दीं। एक आहुति दी गई देश के चौकीदार...
ग्राउन्ड रिपोर्टजनमत

फ़ीस है बहुत, स्कूल-कॉलेज हैं कम, कैसे पढ़ें बेटियाँ

( गरीबी के कारण पढ़ नहीं पा रही कुशीनगर जिले की बेटियों की दास्तां ) 16 वर्षीय वंदना भारती कुशीनगर जिले के कसया ब्लाक के...
कविताजनमत

‘मिथिलेश की कविताएँ हमारे समय के आसन्न खतरों के प्रति आगाह करती हैं’

समकालीन जनमत
निरंजन श्रोत्रिय  युवा कवि मिथिलेश कुमार राय की कविताएँ छोटे-छोटे वाक्य विन्यास के जरिये कविता का वह संसार रचती है जो बहुत सहज और आत्मीय...
जनमतशख्सियत

नौशाद की याद में

अभिषेक मिश्रा “रंग नया है लेकिन घर ये पुराना है ये कूचा मेरा जाना पहचाना है क्या जाने क्यूं उड़ गए पंछी पेड़ों से भरी बहारों...
कविताजनमत

‘गगन गिल ‘मातृमूलक’ दुःखों और उदासियों को रचने वाली कवयित्री हैं’

अनुपम सिंह गगन गिल ने कविता में अपने ज़िम्मे जो काम लिया है, वह है स्त्री की पारम्परिक नियति को उद्घाटित करना. प्रकृति में इतने...
जनमतस्मृति

‘पूंजी’ की लेखन प्रक्रिया और व्यवधान

( कार्ल मार्क्स के जन्म दिन पर विशेष )   मार्क्स ने ग्रुंड्रिस की लिखाई को अंतिम रूप मानचेस्टर में एंगेल्स के पास रहकर दिया...
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