समकालीन जनमत

Author : समकालीन जनमत

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ख़बर

पक्की नौकरी, पूरा वेतन और सम्मान की मांग के साथ दिल्ली आशा कामगार यूनियन (संबद्ध ऐक्टू) का सम्मेलन सम्पन्न हुआ

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श्वेता राज दिल्ली आशा कामगार यूनियन (संबद्ध ऐक्टू) का सम्मेलन आज दिल्ली के एन. डी. तिवारी भवन में सम्पन्न हुआ। सम्मेलन की शुरुआत इस कोरोना...
कविता

मेहजबीं की कविताएँ अपने समय की अंतहीन बेचैनी का बयान हैं

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संजय कुमार कुंदन मेहजबीं की कविताएँ और नज़्में बातें करती हैं, दुनिया-जहान की बातें. कविताएँ और नज़्में बस हिन्दी और उर्दू के शब्दों की उल्लेखनीय...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-चौदह

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जयप्रकाश नारायण  किसान आन्दोलन के वे साठ घंटेः आशंका, तनाव, आतंक और पलटवार दीप सिंधु के नेतृत्व में लाल किले की प्राचीर पर तिरंगा झंडा...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-तेरह

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जयप्रकाश नारायण  किसान गणतंत्र परेडः किसान आंदोलन में जन गोलबंदी का चरमोत्कर्ष संयुक्त किसान मोर्चा ने 26 जनवरी 2021 के गणतंत्र दिवस पर किसान गणतंत्र...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-बारह

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जयप्रकाश नारायण  विरासत खोजता किसान आंदोलन   जन-संघर्ष, जन-आंदोलन निर्वात से जन्म नहीं लेते। आज की स्थितियों में वे अतीत की किसी चल रही धारा...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-ग्यारह

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  जन-आंदोलन और उसके प्रभाव जनता के अंदर मौजूद  जटिल आर्थिक और सामाजिक संकट  के तीव्र होने के चलते  जब समाज का व्यापक जनसमूह ...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-दस

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जयप्रकाश नारायण  किसान आन्दोलन  तथा संघ-भाजपा की झूठ व षड्यन्त्र की नीति 26-27 नवंबर 2020 को, रामलीला मैदान में धरना देने के लिए किसान जब...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-नौ

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  किसान आंदोलन की अग्रगति और केंद्र सरकार का रवैया हम सभी जानते हैं, कि किसी भी राष्ट्रीय, सामाजिक, आर्थिक संकट का  समाधान निकालने...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-आठ

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  अखिल भारतीय स्वरूप लेता किसान आंदोलन दिल्ली को घेरे हुए किसानों के पड़ाव के मजबूत होते ही  देश के अन्य भागों में किसान...
कविता

सुशील कुमार की कविताएँ मौजूदा सत्ता संरचना और व्यवस्था का प्रतिपक्ष रचती हैं

समकालीन जनमत
कौशल किशोर   मुक्तिबोध कालयात्री की बात करते हैं। मतलब कविता अपने काल के साथ सफर करती है । उसका अटूट रिश्ता काल से है...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-सात

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जयप्रकाश नारायण  किसान आन्दोलन का नया मोर्चा- गाजीपुर बार्डर  किसान धीरे-धीरे दिल्ली की सीमा पर जम रहे थे। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में  मजबूत जनाधार वाली...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-छह

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जयप्रकाश नारायण  पंजाब और हरियाणा की किसान एकता 26 और 27 नवम्बर  की  रात को किसान सिंघु, टीकरी  बॉर्डर की सड़कों पर बैठकर व्यतीत किये।...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-पाँच

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जयप्रकाश नारायण  दिल्ली की सीमा पर किसान  26‌-27 नवंबर, 2020 इस दिन दिल्ली को कुछ और ही देखना था। 26-27 नवंबर को रामलीला मैदान में...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-चार

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  दिल्ली किसान आंदोलन की पृष्ठभूमि किसान आंदोलन के प्रति केन्द्र की सरकार हो या राज्यों की सरकारें, किसानों के सवाल पर उनका रुख...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-तीन

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  मोदी सरकार जब 2014 के मई में भारत के सत्ता पर काबिज होने के लिए कारपोरेट समर्थन के अदृश्य सहयोग और हिंदुत्व  राष्ट्रवादी...
जनमतज़ेर-ए-बहस

किसान आन्दोलनः आठ महीने का गतिपथ और उसका भविष्य-दो

समकालीन जनमत
जयप्रकाश नारायण  कृषि संकट का चक्रीय स्वरूप और सत्ता की  प्रतिक्रिया ‌ साठ के दशक के मध्य में कृषि  में संकट के संकेत आने लगे...
ज़ेर-ए-बहस

किसान आंदोलनः आठ महीने का गति पथ और उसका भविष्य-एक

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जयप्रकाश नारायण  आठ महीने से किसान दिल्ली की तीन सीमाओं पर और हरियाणा-राजस्थान की सीमा शाहजहांपुर पर डेरा डाल कर बैठे हैं। किसानों ने इस...
कविता

शुभम श्री की कविताएँ: मामूली से दिखने वाले बेहद ज़रूरी सवाल

समकालीन जनमत
दीपशिखा शुभम की कविताएँ हमारे समय और समाज में मौजूद रोज़मर्रा के उन तमाम दृश्यों और ज़रूरतों की भावनात्मक अभिव्यक्ति हैं, जिन्हें आमतौर पर देखते...
कहानी

वास्को डी गामा की साइकिलः लोकतंत्र में उम्मीद और छल की कहानी

समकालीन जनमत
कुँवर प्रांजल सिंह सामान्यतः “आम और ख़ास” बनने की बीमारी और खूबी प्रत्येक भारतीय में लगभग- लगभग पायी जाती है l इस पूरी अवधारणा का...
कविता

राहुल द्विवेदी की कविताएँ: एक पुरुष का आत्मसंघर्ष

समकालीन जनमत
सोनी पाण्डेय कविता मनुष्य की संवेदनात्मक अभिव्यक्ति है।  वह संसार के दुःख को महसूस करता है और कभी गीत, कभी ग़ज़ल तो कभी किस्से, कहानी...
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