कविता महेश वर्मा की कविताएँ अनेक अबूझ, बिखरे दृश्यों से संवाद करती हैंसमकालीन जनमतNovember 27, 2022November 27, 2022 by समकालीन जनमतNovember 27, 2022November 27, 20220386 वसु गंधर्व पाठक बड़ी तन्मयता से, कविताओं के आवरणों से होकर कवि के हृदय की निशीथ तहों को आँकता है। कविता की अपनी अर्थ-भाव-भूमि से इतर,...
पुस्तक भगत सिंह के साथी: यह किताब क्रांतिकारियों को तथ्यात्मक विवेचना की आधार भूमि पर परखते हुए नए रूप में सामने लाती हैसमकालीन जनमतNovember 20, 2022November 20, 2022 by समकालीन जनमतNovember 20, 2022November 20, 20220102 अश्रुत परमानंद किसी कवि, (शायद शैलेंद्र) की पंक्तियाँ थीं, “भगतसिंह इस बार न काया, लेना भारत वासी की. मातृभूमि के लिए अभी भी, सजा ...
कविता शशिभूषण बडोनी की कविताएँ बड़ी सरलता से दिल पर दस्तक देती हैंसमकालीन जनमतNovember 20, 2022November 20, 2022 by समकालीन जनमतNovember 20, 2022November 20, 20220117 कल्पना पंत शशिभूषण बडोनी की कविताएँ बड़ी सरलता और ख़ामोशी से दिल पर दस्तक देती हैं. पहली बार इन कविताओं को पढ़ने पर शिल्प की...
जनमत ‘प्रेम’ नवीन रांगियाल की कविताओं का अर्क हैसमकालीन जनमतNovember 13, 2022November 13, 2022 by समकालीन जनमतNovember 13, 2022November 13, 2022065 गीत चतुर्वेदी नवीन रांगियाल की कविताएँ पढ़ते हुए प्राचीन संस्कृत काव्यशास्त्र की सहज स्मृति हो जाती है। नवीन अपनी कविता में हर अक्षर, हर शब्द...
स्मृति प्रोफ़ेसर मैनेजर पांडेय को विदाई सलाम: जसमसमकालीन जनमतNovember 6, 2022November 6, 2022 by समकालीन जनमतNovember 6, 2022November 6, 20220294 जन संस्कृति मंच के लंबे समय तक अध्यक्ष रहे हिंदी के मूर्धन्य आलोचक मैनेजर पांडेय का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया है। आज...
कविता बाबुषा की कविताएँ जीवन को तप करके पत्थर के बरक्स पानी बना देने की हिमायती हैंसमकालीन जनमतOctober 30, 2022October 30, 2022 by समकालीन जनमतOctober 30, 2022October 30, 20220249 दीपक जायसवाल मेरे ज़माने की ऐसी लेखिका जिसे पानी पर लिखी तहरीरें पढ़ना आता है, बारिशें जिनकी पुरखिन हैं, जिनके यहाँ सूरज पर लगा ग्रहण,...
कविता सुभाष यादव की कविताएँ संभावनाओं की आवाज़ हैंसमकालीन जनमतOctober 23, 2022October 23, 2022 by समकालीन जनमतOctober 23, 2022October 23, 20220294 विनय सौरभ सुभाष यादव की कविताएँ आपको चौंकाएँगी नहीं। न ही किसी विस्मय से भरेंगी ! ये कविताएँ वैसी ही हैं जैसे किसी निर्जन...
कविता आशीष त्रिपाठी की कविताएँ विषाक्त दौर में प्रकृति की दरियादिली को ज़ाहिर करती हैंसमकालीन जनमतOctober 16, 2022October 16, 2022 by समकालीन जनमतOctober 16, 2022October 16, 20220395 विपिन चौधरी रचनात्मक और जिज्ञासु संचेतना देर-सवेर अपनी भाषा विकसित कर लेती है. यह भाषा कवि की आत्मा की भाषा है. अपने भीतर के...
कविता अखिल कत्याल की कविताएँ दोस्त की तरह हैंसमकालीन जनमतOctober 9, 2022October 9, 2022 by समकालीन जनमतOctober 9, 2022October 9, 20220115 शुभम श्री अखिल की कविताओं को कैसे पढ़ें सबसे पहले इन पाँच सौ शब्दों के चिट्ठे को नज़रअंदाज करें और तेज गति से स्क्रोल कर...
स्मृति नई कहानी के अप्रतिम कहानीकार शेखर जोशी नहीं रहें।समकालीन जनमतOctober 5, 2022October 5, 2022 by समकालीन जनमतOctober 5, 2022October 5, 20220137 अच्युतानंद मिश्र नई कहानी के अप्रतिम कहानीकार शेखर जोशी नहीं रहें।याद आता है 2012 में जबलपुर में उनसे मुलाकात हुई थी। उनसे बात करते हुए...
पुस्तक ‘उम्मीद चिनगारी की तरह’ संग्रह की कविताएँ अपने समय को रचतीं, अभिव्यक्ति के ख़तरों को धता बताती हैंसमकालीन जनमतOctober 2, 2022October 2, 2022 by समकालीन जनमतOctober 2, 2022October 2, 20220216 दिविक रमेश कौशल किशोर प्रारम्भ से ही एक सजग और ज़िम्मेदार कवि के रूप में अपनी राह बनाते हुए आज उम्मीद से लबालब भरी चिंगारी...
कविता लीना मल्होत्रा की कविताएँ स्त्रीस्वर का स्थापित मुहावरा हैंसमकालीन जनमतOctober 2, 2022October 2, 2022 by समकालीन जनमतOctober 2, 2022October 2, 20220112 प्रिया वर्मा महत्वाकांक्षाओं की चिड़िया औरत की मुंडेर पर आ बैठी है दम साध शिकारी ने तान ली है बन्दूक निशाने पर है चिड़िया अगर...
कविता जितेंद्र श्रीवास्तव की कविताएँ मनुष्यता का संधान करती हैंसमकालीन जनमतSeptember 25, 2022September 25, 2022 by समकालीन जनमतSeptember 25, 2022September 25, 20220147 देवेश पथ सारिया वरिष्ठ कवि जितेंद्र श्रीवास्तव की कविताओं से गुज़रते हुए लगता है कि यह कवि मनुष्य एवं प्रकृति के बीच तादात्म्य की...
ख़बर मुक्तिबोध स्मृति दिवस पर फासीवाद के खिलाफ एकता व प्रतिरोध का संकल्पसमकालीन जनमतSeptember 12, 2022September 12, 2022 by समकालीन जनमतSeptember 12, 2022September 12, 2022093 मुक्तिबोध के स्मृति दिवस के अवसर पर केसरबाग स्थित इप्टा कार्यालय में ‘फासीवाद के खिलाफ प्रतिरोध, आजादी और लोकतंत्र की संस्कृति के लिए” विषय पर...
कविता आयुष पाण्डेय की कविताएँ मनुष्यता की बेहद सरल सतह पर जीती हैंसमकालीन जनमतSeptember 11, 2022September 11, 2022 by समकालीन जनमतSeptember 11, 2022September 11, 2022092 संध्या नवोदिता ये ताज़गी भरी कविताएँ हैं. प्रेम में गले गले तक डूबी. विछोह में साँस रोकती. हज़ार तरह के सवाल पूछती. दुनिया के बुनियादी...
कविता नाइजीरियाई कवि बेन ओकरी की कविताएँसमकालीन जनमतSeptember 4, 2022September 4, 2022 by समकालीन जनमतSeptember 4, 2022September 4, 2022060 विपिन चौधरी नाइजीरियाई कवि और उपन्यासकार बेन ओकरी आज के समय में दुनिया भर के साहित्यिक पटल पर लोकप्रिय नाम है. बेन का जन्म...
कविता मनीष कुमार यादव की कविताएँ अपनी चुप्पी में एक बहुत गझिन यात्रावृत्त को समेटे रहती हैंसमकालीन जनमतAugust 28, 2022August 28, 2022 by समकालीन जनमतAugust 28, 2022August 28, 20220174 वसु गन्धर्व मनीष की कविताएँ एक कठिन ज़मीन की कविताएँ हैं जो अपने प्रस्तावित पाठ में पाठक से उतने ही सृजनात्मक संघर्ष की अपेक्षा करती...
जनमत सावन वाइब्स- कांवड़ यात्रा के हवाले सेसमकालीन जनमतAugust 23, 2022August 27, 2022 by समकालीन जनमतAugust 23, 2022August 27, 2022042 तूलिका तीर्थ यात्राओं के महात्म्य से शायद ही कोई धर्म अछूता रहा हो। अगर तीर्थ यात्रा के इर्द गिर्द की बतकही या किवदंतियों से अंदाजा...
कविता विमल भाई की कविताएँ क्वीयर कविता के संघर्ष और सौंदर्यबोध की बानगी हैंसमकालीन जनमतAugust 21, 2022August 21, 2022 by समकालीन जनमतAugust 21, 2022August 21, 2022061 अखिल कत्याल विमल भाई, अलविदा! कुछ एक साल पहले की बात है। अपनी मित्र अदिति अंगिरस के साथ मैं एक ‘क्वीयर कविताओं’ के संग्रह का...
शख्सियत दिलखरोंच आवाज वाला लफ्जों का जुलाहासमकालीन जनमतAugust 18, 2022August 18, 2022 by समकालीन जनमतAugust 18, 2022August 18, 2022077 पीयूष कुमार आज गुलज़ार साहब की 88वीं सालगिरह है। गुलज़ार वे शायर, गीतकार, साहित्यकार हैं जिन्होंने अपने कहन के तरीके से अदब की रवायतों, रूढ़ियों...