समकालीन जनमत

Tag : शिक्षा

शिक्षा

बच्चों की रचनात्मकता को ऑनलाइन विकसित करता “जश्न ए बचपन”

समकालीन जनमत
उत्तराखण्ड के सरकारी विद्यालयों में कार्यरत शिक्षकों के फोरम “रचनात्मक शिक्षक मण्डल” ने लॉक डाउन के दिनों में बच्चों की रचनात्मकता को बनाये रखने के...
ज़ेर-ए-बहस

महाजनी सभ्यता और महामारी के सबक

समकालीन जनमत
डॉ. दीना नाथ मौर्य सभ्यता के विकासक्रम में मानव जाति पर समय-समय पर आयी प्राकृतिक आपदाओं के ऐतिहासिक अनुभव से यह सीख ली जा सकती...
शिक्षा

समानता की सीख

समकालीन जनमत
डॉ.दीना नाथ मौर्य स्कूल केवल सूचना ही नहीं देते हैं बल्कि सोचना भी सिखाते हैं और इसी रूप में नजरिये का निर्माण भी करते हैं....
शिक्षा

बुनियादी तालीम और किस्सागोई

डॉ.दीना नाथ मौर्य बचपन में सीखने-पढ़ने की औपचारिक शुरुआत तो बाद में होती है पर किस्से कहानियों के जरिये बच्चों में दुनियावी चीजों की अवधारणाओं...
शिक्षा

स्कूली कक्षाओं से ही निकलेगी पुस्तक- संस्कृति की राह

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डॉ.दीना नाथ मौर्य पिछले दिनों जब झारखंड के नवनिर्वाचित मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मुलाकातों में दिए जाने वाले ‘बुके’ को बुक यानि पुस्तक में बदलने...
जनभाषाशिक्षा

राजभाषा का उद्देश्य जनता के कल्याण में निहित होना चाहिए

समकालीन जनमत
अम्बरीश त्रिपाठी ऐतिहासिक भूलों को भूल जाने में आम भारतीयों का कोई सानी नहीं है। उपनिवेश बनने की कहानी को कितनी जल्दी और आसानी से...
जनमतशिक्षा

किसके हित में है नयी शिक्षा नीति: आम जन या पूंजीपति?

समकालीन जनमत
रामावतार शर्मा मोदी सरकार की प्रस्तावित नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति, शैक्षणिक गुणवत्ता में गिरावट लाते हुए शिक्षा के व्यापार को और तेज गति देगी, इंसानियत...
जनमतशिक्षा

विश्वविद्यालयों की बात: गोपाल प्रधान

गोपाल प्रधान
2017 में वर्सो से स्टेफान कोलिनी की किताब ‘स्पीकिंग आफ़ यूनिवर्सिटीज’ का प्रकाशन हुआ । आजकल विश्वविद्यालयों और उनके विद्यार्थियों की संख्या में अभूतपूर्व बढ़ोत्तरी...
जनमतशिक्षा

शिक्षा और मार्क्सवाद

गोपाल प्रधान
शिक्षा का सवाल मार्क्सवाद के भीतर महत्वपूर्ण होते हुए भी बहुधा उपेक्षित रहा है लेकिन क्रमश: इस मामले में भी दोनों के बीच जीवंत संवाद...
जनमत

स्कूलों के बारे में समझ बनाने के लिए जरूरी है उनकी ऐतिहासिक पड़ताल

समकालीन जनमत
(समकालीन जनमत शिक्षक दिवस के अवसर पर लेखों की एक शृंखला शुरू कर रहा है । प्रस्तुत है इस शृंखला का पहला लेख जिसके लेखक...
ग्राउन्ड रिपोर्टजनमत

फ़ीस है बहुत, स्कूल-कॉलेज हैं कम, कैसे पढ़ें बेटियाँ

( गरीबी के कारण पढ़ नहीं पा रही कुशीनगर जिले की बेटियों की दास्तां ) 16 वर्षीय वंदना भारती कुशीनगर जिले के कसया ब्लाक के...
ख़बर

आवाज, जमीन, रोजगार को मौलिक अधिकार बनाने के लिए मजदूर महासंसद संपन्न

समकालीन जनमत
9 फरवरी अयोध्या। आवाज, जमीन, रोजगार, स्वास्थ्य, तथा समान शिक्षा को मौलिक अधिकार होना चाहिए। भाकपा माले पोलित ब्यूरो सदस्य तथा खेग्राम्स के राष्ट्रीय महासचिव...
ख़बर

यंग इंडिया अधिकार मार्च में शिक्षा, रोजगार और नौजवानों के अधिकारों को सुनिश्चित करने का आह्वान

देश भर के 60 से ज्यादा संगठनों के तीस हजार से ज्यादा छात्रों और युवाओं ने यंग इंडिया अधिकार मार्च में हिस्सा लिया। मार्च लाल...
जनमत

युवा भारत, बेरोजगार भारत

मनोज कुमार सिंह
आबादी के हिसाब से देखें तो आज का भारत युवा भारत है क्योंकि जनसंख्या का 35 फीसदी युवा आबादी है। किसी भी देश की जनसंख्या...
व्यंग्यसाहित्य-संस्कृति

“नो-फ़ेल पॉलिसी तालीम का नहीं देश की सुरक्षा का मसला है”

समकालीन जनमत
लोकेश मालती प्रकाश {हाल ही में संसद ने शिक्षा अधिकार कानून में संशोधन कर कानून में बच्चों को आठवीं तक फ़ेल नहीं करने की नीति...
ख़बर

स्टूडेंट यूथ चार्टर जारी कर शिक्षा पर बजट का 10 प्रतिशत खर्च करने की मांग

समकालीन जनमत
देश भर के लाखों छात्र नौजवान 7 फरवरी को दिल्ली में यंग इंडिया अधिकार मार्च में हिस्सा लेंगे पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने किया यंग...
शख्सियत

शिक्षा की कभी ना बुझने वाली क्रांतिकारी मशाल- सावित्रीबाई फुले

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अनिता भारती 3 जनवरी 1831 को महाराष्ट्र के सतारा जिले के नायगांव में जन्मी महान विभूति सावित्रीबाई फुले, मात्र 18 साल की छोटी उम्र में...
ख़बर

छात्र-युवा दिल्ली में करेंगे “यंग इंडिया अधिकार मार्च”

नई दिल्ली। 29-30 नवंबर को देशभर के 206 किसान संगठनों ने अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति के बैनर तले दिल्ली में अपनी मांगों को...
ख़बर

वाराणसी में युवाओं की हुंकार-शिक्षा-रोजगार के सवाल पर फेल मोदी सराकार को उखाड़ फेकेंगे

समकालीन जनमत
मार्च और सभा के साथ इंकलाबी नौजवान सभा का छठवां राष्ट्रीय सम्मेलन प्रारम्भ वाराणसी, 15 दिसम्बर। इंकलाबी नौजवान सभा के आह्वान पर देश भर से...
जनमत

बेहतर दुनिया का ख्वाब देखने और उसके लिए संघर्ष करने वाली राजनीति की लाल पताका उठा रहा है युवा

इन्द्रेश मैखुरी
वामपंथी छात्र संगठन हाथ से बनाए गए कलात्मक पोस्टरों के सहारे चुनाव लड़ रहे थे. भाषण,जनगीत,नुक्कड़ नाटक ही उनकी ताकत थे और पूंजी के नाम...
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