ज़ेर-ए-बहस शिक्षालयों के कुछ पूर्वाग्रह जनार्दनFebruary 22, 2022February 22, 2022 by जनार्दनFebruary 22, 2022February 22, 2022048 वर्चस्वशाली समाज के विचार से शिक्षण की प्रविधि ही नहीं, उसकी भाषा और यहाँ तक कि वर्णमाला तक को भेद दिया करते हैं. वर्चस्वशाली विचार...
ज़ेर-ए-बहस सामाजिक न्याय दिवस पर अन्याय कथासमकालीन जनमतFebruary 21, 2022February 23, 2022 by समकालीन जनमतFebruary 21, 2022February 23, 2022046 पीयूष कुमार 2007 में 20 फरवरी को UN द्वारा ‘विश्व सामाजिक न्याय दिवस’ घोषित किया गया था। हर किसी व्यक्ति को, बिना किसी भेदभाव के...
ज़ेर-ए-बहस महामारियां अवसाद बुनती हैं!जनार्दनOctober 28, 2020October 28, 2020 by जनार्दनOctober 28, 2020October 28, 202001467 महामारियां और आपदाएं जीवन-जगत को आकार प्रदान करती हैं; उनकी मानसिकता के ढांचे को तोड़कर नए ढांचे का निर्माण करती हैं –आपदाएं नवीन और परिवर्तनकामी...
ज़ेर-ए-बहस बजट 2019-20 : निजीकरण, महंगाई, बेरोजगारी, असमानता व निराशा बढाने वालाजितेन्द्र कुमारJuly 6, 2019July 6, 2019 by जितेन्द्र कुमारJuly 6, 2019July 6, 20198 1872 महंगाई को बढ़ाने वाला बजट में पहले से महंगे पेट्रोल-डीजल पर 1 रुपया प्रति लीटर एक्साइज ड्यूटी और 1 रुपया प्रति लीटर सेस बढया गया...