समकालीन जनमत

Tag : कहानीकार

साहित्य-संस्कृति

जनतंत्र को बचाने के संघर्ष के इस दौर में प्रासंगिक हैं विजेंद्र अनिल की कहानियां

सुधीर सुमन
विजेंद्र अनिल के कहानी संग्रह ‘फ़र्ज़’ का लोकार्पण  आरा (बिहार)। ‘‘ विजेंद्र अनिल की कहानियाँ सामाजिक-राजनीतिक दृष्टि संपन्न कहानियाँ हैं। इनमें सामंतवाद, साम्राज्यवाद, सांप्रदायिकता और...
स्मृति

शशिभूषण द्विवेदी का जाना एक बड़ी संभावना का असमय अंत है : जनवादी लेखक संघ

शशिभूषण जी अत्यंत प्रतिभाशाली और संभावनाशाली कहानीकार थे. उनकी ‘ब्रह्मह्त्या’, ‘एक बूढ़े की मौत’, ‘कहीं कुछ नहीं’, ‘खिड़की’, ‘शिल्पहीन’ जैसी कई कहानियां खूब पढ़ी और...
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