प्रज्ञा गुप्ता पल्लवी की कविता स्त्री-स्वातंत्र्य, विद्रोह और सामाजिक परिवर्तन की प्रक्रिया को रूपक और प्रतीकों के माध्यम से बहुत ही प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत...
एकता वर्मा मानसी संभावनाओं की कवयित्री हैं। इनकी कविताओं में युवा हृदय की उत्तेजनाएँ हैं। उनकी कविताएँ एक आधुनिक हुई, शिक्षित, शहरीकृत हुई कामगार महिला...
विश्व के महान व्यक्तित्वों (ख़लील जिब्रान, ग़ालिब, मीर, रूमी, इक़बाल, पाब्लो नेरुदा, इज़ाडोरा) के जीवन और विचारों को भारत के समकालीन परिप्रेक्ष्य में स्थापित करते...
नीलाम्बुज सरोज संतोष पटेल की कविताएँ हिंदी कविता में एक महत्वपूर्ण हस्तक्षेप हैं। उनका कविता संग्रह ‘कारक के चिह्न’ केवल साहित्यिक सौंदर्य का उत्सव नहीं, बल्कि...
पीयूष कुमार संभावनाओं से भरी अपूर्वा की कविताएँ.. समकालीन कविता जहाँ साहित्यिक लोकतंत्र के विस्तार से सम्पन्न हुई है, वहीं विचारहीन युवाओं के इस स्वर्णकाल...
मयंक खरे डॉ. सबीहा रहमानी की कविताएँ केवल भावनाओं की अभिव्यक्ति नहीं हैं, बल्कि वे एक वैचारिक प्रतिरोध, सामाजिक दृष्टि और सांस्कृतिक पुनर्पाठ की कोशिशें...