स्मृति प्रो. लाल बहादुर वर्मा: वे एक साथ अध्यापक और दोस्त दोनों थेसमकालीन जनमतMay 18, 2021May 20, 2021 by समकालीन जनमतMay 18, 2021May 20, 202101843 धर्मेंद्र सुशांत लाल बहादुर वर्मा नहीं रहे.. करीब 20–21 साल पहले पटना में उनसे पहली बार मुलाकात हुई थी गोकि जान उन्हें पहले चुका था....
स्मृति प्रो. लाल बहादुर वर्मा: एक प्रोफ़ेसर जिसने विविधता का मतलब बतायासमकालीन जनमतMay 17, 2021November 20, 2021 by समकालीन जनमतMay 17, 2021November 20, 202101826 सविता पाठक ये माना जिन्दगी है चार दिन की बहुत होते हैं यारों ये चार दिन भी -फ़िराक़ प्रो लालबहादुर वर्मा नहीं रहे। ये ख़बर...