पुस्तक अंचित का काव्य संग्रह ‘आधी पंक्ति’: मनुष्य और शहर के बीच संवाद के एक सेतु की निर्मिति हैउमा रागFebruary 1, 2026 by उमा रागFebruary 1, 20260259 विधान गुंजन सहजता कवि का आभूषण है। जो बात जिस तरह से कही जानी चाहिए, उसे उसी तरह कहना ही कवि को विशिष्ट बनाता है।...
‘काँस के फूलों ने कहा, जोहार !’: देशज सौंदर्य और स्त्री चेतना के विविध स्वरसमकालीन जनमतDecember 7, 2025December 7, 2025 by समकालीन जनमतDecember 7, 2025December 7, 20250263 डॉ. जिन्दर सिंह मुंडा ‘काँस के फूलों ने कहा, जोहार !’ डॉ प्रज्ञा गुप्ता का पहला काव्य- संग्रह है । सद्य: प्रकाशित इस काव्य- संग्रह...
पुस्तक कीर्तिगान : भीड़ हत्या का दस्तावेज़ी यथार्थसमकालीन जनमतDecember 7, 2025December 8, 2025 by समकालीन जनमतDecember 7, 2025December 8, 20250153 जितेन्द्र विसारिया यह कहा जाता है कि भीड़ का कोई मस्तिष्क नहीं होता, किंतु जब भीड़ किसी विचार या विचारधारा से संचालित होती है, तब...
पुस्तक ज्योति कलश : इतिहास और साहित्य को एक सूत्र में पिरोने की कोशिशसमकालीन जनमतNovember 2, 2025November 2, 2025 by समकालीन जनमतNovember 2, 2025November 2, 20250177 सुजीत कुमार ज्योति कलश : ज्योति बा फुले और सावित्रीबाई फुले की क्रांतिकारी जीवन गाथा (संजीव कृत उपन्यास ‘ज्योति कलश’ की पुस्तक समीक्षा) ‘ज्योति...
पुस्तक स्मिता सिन्हा के कविता संग्रह ‘रूंधे कंठ की अभ्यर्थना’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतSeptember 7, 2025September 7, 2025 by समकालीन जनमतSeptember 7, 2025September 7, 2025092 जावेद आलम ख़ान छलकती पीड़ा को रोककर बेआवाज़ प्रार्थना है ‘रूंधे कंठ की अभ्यर्थना’। स्मिता सिन्हा का यह संग्रह अपने नाम को सार्थक करता है।...
पुस्तक उषा राय के कविता संग्रह ‘भीमा कोरेगाँव तथा अन्य कविताएँ’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतAugust 24, 2025August 24, 2025 by समकालीन जनमतAugust 24, 2025August 24, 2025089 पवन करण ●यह कास का फूल है इसके पत्ते हाथ चीर देते हैं घाव भले ही भर जाये पर कसक रह जाती है बड़ा खुद्दार...
पुस्तक हृषीकेश सुलभ के उपन्यास ‘दाता पीर’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतAugust 3, 2025August 3, 2025 by समकालीन जनमतAugust 3, 2025August 3, 20250135 पवन करण दाता पीर एक सुनार का बेटा था। चाँद के टुकड़े जैसा सुंदर। उसने आवाज़ लगाई कि कुछ गढ़वा लो, कुछ बनवा लो। उसने...
पुस्तक ‘गहन है यह अंधकारा’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJuly 27, 2025July 27, 2025 by समकालीन जनमतJuly 27, 2025July 27, 2025084 पवन करण कोई भी भाषा हो वह दुर्जनों की ज़बान से बोले जाते समय कसमसाती होगी। जो ग़लत और झूठ बोला जा रहा है और...
पुस्तक पवन करण के कविता संग्रह ‘स्त्री मुग़ल’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJuly 20, 2025July 22, 2025 by समकालीन जनमतJuly 20, 2025July 22, 20250124 अलका बाजपेयी ‘स्त्री मुगल’ ( राधाकृष्ण प्रकाशन, 2023) पवन करण जी की 100 कविताओं का एक संग्रह है जो कि मुग़ल साम्राज्य के भीतर रहने...
पुस्तक विमल कुमार के काव्य संग्रह ‘मृत्यु की परिभाषा बदल दो’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJuly 13, 2025July 13, 2025 by समकालीन जनमतJuly 13, 2025July 13, 2025063 पवन करण इस दौर में कवि विमल कुमार की सक्रिय रचनात्मक निरंतरता उल्लेखनीय और आश्वस्तिकारी है। ‘सपने में एक औरत’ से बातचीत से बरास्ते ‘जंगल...
पुस्तक सुमेर सिंह राठौर की डायरी ‘बंजारे की चिठ्ठियाँ’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJuly 6, 2025July 7, 2025 by समकालीन जनमतJuly 6, 2025July 7, 20250122 पवन करण चिट्ठियाँ जो ख़ुद को भेजनी थीं, अपने डरों से लड़ने की कोशिश में, बंजारे की चिट्ठियाँ बन गईं- ‘बंजारे की चिट्ठियाँ’ पढ़ने के...
पुस्तक मुस्तफ़ा ख़ान के काव्यसंग्रह ‘पत्थरों की भाषा’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJune 29, 2025June 29, 2025 by समकालीन जनमतJune 29, 2025June 29, 2025050 पवन करण भाषा पत्थरों की मगर आहत नहीं करती किसी को: मुस्तफ़ा ख़ान की कविताएँ मुस्तफ़ा ख़ान लंबे समय से कविताएँ लिख रहे हैं। समय-समय...
पुस्तक ललन चतुर्वेदी के कविता संग्रह ‘आवाज़ घर’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJune 29, 2025June 29, 2025 by समकालीन जनमतJune 29, 2025June 29, 2025082 अष्टभुजा शुक्ल ललन चतुर्वेदी छोटी – छोटी कविताओं के ऐसे प्रौढ़ कवि हैं जो घोषित तौर पर ‘ बड़ी कविताएँ ‘ नहीं लिख सकते। कारण...
पुस्तक शांति नायर के कविता संग्रह ‘ज्यामिति’ की पुस्तक समीक्षाउमा रागJune 15, 2025 by उमा रागJune 15, 2025072 पवन करण जिनके पास जितने नुकीले कोण हैं वे उतने ही अधिक पुरुष हैं। शांति नायर की कविताएँ बातचीत में भाग लेने पहुँचती हैं, ज़रा...
पुस्तक बोधिसत्व के कविता संग्रह ‘अयोध्या में कालपुरुष’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJune 8, 2025June 8, 2025 by समकालीन जनमतJune 8, 2025June 8, 2025095 पवन करण जो प्रेम हठ नहीं करता वो बच नहीं सकता! ए.के. रामानुजन की तीन सौ रामायण निबंध-पुस्तक जिसे रामानुजन ने पिट्सबर्ग विश्वविद्यालय में...
पुस्तक भाषा सिंह के कविता संग्रह योनि-सत्ता संवाद की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतJune 1, 2025June 1, 2025 by समकालीन जनमतJune 1, 2025June 1, 20250168 पवन करण मेरे आदमी नहीं हो तुम, मेरे आंसू नहीं ढलकते हैं तुम्हारे गालों पर…. भाषा सिंह की कविताएँ पढ़ने की प्रक्रिया में मन में...
पुस्तक जुवि शर्मा की ‘अबोली की डायरी’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 2025 by समकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 20250227 गति उपाध्याय ‘अबोली की डायरी’ लेखिका ‘जुवि शर्मा’ की पहली किताब है। पहली किताब का अर्थ ‘कथेतर साहित्य’ में इनकी ‘पहली किताब’ से है। इसके...
पुस्तक विपिन शर्मा की लप्रेक ‘तुम जिंदगी का नमक हो’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 2025 by समकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 20250148 कल्पना पन्त मामला इश्क का , राजनीति पार्टीशन की पर हमारा अमृतसर अभी नहीं आया.. तुम जिंदगी का नमक हो 2023 में पुस्तकनामा से प्रकाशित...
पुस्तक प्रिया वर्मा के काव्य संग्रह ‘स्वप्न के बाहर पाँव’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 2025 by समकालीन जनमतMay 25, 2025May 25, 2025073 पवन करण ●गिनती में रहने के लिए दुर्घटनाओं में शरीक़ होना क्यों है ज़रूरी? ●यह भी क्या मामूली सुख है, कि गए हुए की परछाईं...
पुस्तक श्रुति कुशवाहा के कविता संग्रह ‘सुख को भी दुःख होता है’ की पुस्तक समीक्षासमकालीन जनमतMay 4, 2025May 4, 2025 by समकालीन जनमतMay 4, 2025May 4, 20250104 पवन करण इन दिनों मर्जियों का शासन है….. मेरा भोजन, मेरे कपड़े मेरी आस्था पर भारी है ….उनकी मर्जी कवि श्रुति कुशवाहा के कविता संग्रह...