पुस्तक एक ऐसा उपन्यास जिसे पढ़ते हुए आँखें भीगती रहींसमकालीन जनमतJanuary 23, 2026January 23, 2026 by समकालीन जनमतJanuary 23, 2026January 23, 20260133 अनिल प्रभा कुमार के हिन्दी उपन्यास ‘ सितारों में सूराख़ ’ के उर्दू तर्जुमे की भूमिका का हिन्दी अनुवाद आफ़ताब अहमद प्रिय पाठको, हिन्दी की...