बुझात बा कि भगवन जी हो गइलें दूगो / हजूरन के दोसर, मजूरन के दोसर

    संतोष सहर बाबा साहब के जन्मदिन के अवसर पर बेतिया में आयोजित हुई ‘ भूमि अधिकार यात्रा ‘ के सभा मंच से मैंने उनको यह गीत गाते सुना. नाम-सरफुद्दीन शाह, गांव-पकड़िया, प्रखंड-छौड़ादानो, जिला पूर्वी चंपारण. पिता अमीन दीवान और मां रतेजा खातून की दूसरी संतान जो 1955 में जन्मे.  चार भाइयों व तीन बहनों के साथ पले-बढ़े. छोटा-सा कद, पतली-सी काठी, सांवला चेहरा और 60 साल से ऊपर की उम्र. दमदार आवाज सबका कान खींच लेती है, जब वे गाते हैं। पिछले 20-25 सालों से हर छोटे-बड़े कार्यक्रम…

Read More