डीटीसी कर्मचारियों की हड़ताल को कई संगठनों का समर्थन मिला

नई दिल्ली.  डीटीसी कर्मचारियों की 29 अक्टूबर को होने वाली हड़ताल को हरियाणा रोडवेज के कर्मचारियों के साथ -साथ कई ट्रेड यूनियनों, शिक्षक संगठनों , विभिन्न महिला संगठनों, सांस्कृतिक कर्मियों तथा सिविल सोसाइटी प्रतिनिधियों का साथ मिला है. आज डीटीसी वर्कर्स यूनिटी सेंटर (ऐक्टू) द्वारा आयोजित प्रेस कांफ्रेंस में इन संगठनों ने समर्थन की घोषणा की. दिल्ली परिवहन निगम में डीटीसी वर्कर्स यूनिटी सेंटर(ऐक्टू) ने 29 अक्टूबर को एक दिवसीय हड़ताल का नोटिस दिया है जिसे अन्य यूनियनों – डीटीसी वर्कर्स यूनियन (एटक) और डीटीसी एम्प्लाइज कांग्रेस (इंटक) ने अपना समर्थन…

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किसानों पर बुलेट और बुलडोजर चला रही है मोदी सरकार

‘ भाजपा भगाओ, किसान बचाओ रैली ’ और अखिल भारतीय किसान महासभा का राज्य सम्मेलन आरा (बिहार ). भोजपुर किसान आंदोलन के शिल्पकार और सामाजिक बदलाव के महानायक का. रामनरेश राम की आठवीं बरसी के मौके पर 26 अक्टूबर को आरा में ‘ भाजपा भगाओ, किसान बचाओ रैली ’ आयोजित की गई। जगदीश मास्टर-रामेश्वर यादव मैदान (वीर कुंवर सिंह स्टेडियम), रामनरेश राम नगर (आरा) में आयोजित इस रैली में आए हजारों किसानों की सभा को मुख्य रूप से भाकपा-माले के राष्ट्रीय महासचिव का. दीपंकर भट्टाचार्य, अखिल भारतीय किसान सभा के महासचिव…

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अगर कहीं मैं तोता होता, तो क्या होता ?

कई दशक पहले एक हिन्दी कवि ने एक कविता लिखी थी ‘अगर कहीं मैं तोता होता, तो क्या होता ?’ पांच वर्ष पहले सुप्रीम कार्ट ने सी बी आई को, जो देश की बसे बड़ी जांच एजेन्सी है, पिंजड़े में बन्द तोता कहा था। केन्द्रीय जांच ब्यूरों यानी सीबीआई के पूर्व निदेशक जोगेन्द्र सिंह ने 1996-97 में करीब बीस वर्ष पहले ही यह कहा था कि राजनीतिक वर्ग कभी इस संस्था को स्वतंत्रता नहीं देगा। सी बी आई का सिद्धान्त है – उद्योग, निष्पक्षता और ईमानदारी। 1941 में इसका गठन…

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